प्रिया सिन्हा, चीफ सब एडिटर,
बंगाल पुलिस को एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है दरअसल, खुफिया विभाग की टीम की मदद से 21 वर्षीय पाकिस्तानी आईएसआई एजेंट तानिया परवीन को गिरफ्तार कर लिया गया है। जिस उम्र में लड़कियां अपने लक्ष्य को पाने के लिए जी-जान लगा देती है ठीक उसी उम्र में यह लड़की तानिया परवीन एक पाकिस्तानी एजेंट बन भारतीय सेना के कर्मियों को हनीट्रैप करने व भारतीय मोबाइल नंबर प्रदान करने का काम करती है।
यही नहीं, खुद को कट्टरपंथी और स्वयं प्रेरित बताने वाली यह लड़की बंगाल के मायापुर की रहने वाली है और इसके पिता का नाम अलामिन मंडल है। यह पाकिस्तानी व्हाट्सएप समूहों द्वारा तैयार की गई जानकारी, समाचार व लेख को साझा किया करती है। बता दें कि पाकिस्तान के लाहौर में रहने वाले बिलाल द्वारा तानिया परवीन को पाकिस्तानी मोबाइल नंबर उपलब्ध कराए गए और साथ ही उसे छह व्हाट्सएप समूहों का एडमिन भी बना दिया गया।
तानिया परवीन का काम था भारतीय सेना के कर्मियों को हनीट्रैप करना और साथ ही भारतीय मोबाइल नंबर प्रदान करना। इस लड़की ने देश के विभिन्न हिस्सों से युवाओं को कट्टरपंथी बनने और उन्हें जेहाद के लिए लड़ने के लिए सीरिया जाने के लिए प्रेरित किया है। बता दें कि वह सीरियाई मोबाइल नंबर के उपयोगकर्ता के संपर्क में भी है, जिससे वह सीरिया के जेहाद में शामिल होने के लिए शादी करना चाहती है।
इतनी छोटी सी उम्र में ही वह कश्मीरी युवकों को अलग-अलग कामों के लिए तैयार कर रही है। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि साल 2019 से ही खुफिया एजेंसी तानिया परवीन पर नज़र रख रही थी। गौरतलब है कि बंगाल एसटीएफ ने फिल्हाल 14 दिनों के लिए तानिया परवीन को पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया है।





























