यदि १५ दिन भी शतप्रतिशत पाबन्दी सुनिश्चित हो गई तो मेरा विश्वास है कि संसार से कोरोना का नाश हो जाएगा : डा अनिल सुलभ
कौशलेन्द्र पाण्डेय,
खाद्य-सामग्रियों के लिए दुकानों पर बढ़ रही भीड़ ‘आपस में दूरी बनाए रखने’ के उद्देश्य के विपरित सिद्ध हो रही है! इससे बचने-बचाने के लिए सरकार को चाहिए कि वह प्रत्येक घर में आवश्यक खाद्यान्न एवं फल-शब्जियाँ निर्धारित शुल्क पर पहुँचाया जाना सुनिश्चित करे ! जिनके पास राशि उपलब्ध न हो, तो उन्हें अत्यावश्यक सामग्रियाँ उधार उपलब्ध करायी जाए ! इस हेतु नगर निगम सहित सभी स्थानीय निकायों तथा जनवितरण प्रणाली से जुड़े कर्मियों का उपयोग किया जा सकता है। प्राप्त करने वाले लाभार्थियों से प्राप्ति-रसीद पर अवश्य ही हस्ताक्षर लिए जाएँ! मोबाइल फ़ोटोग्राफ़ भी साथ में लिया जा सकता है। आवश्यकता पड़ने पर कहाँ के लोग, किससे सम्पर्क करे, इसकी भी सूचना विविध माध्यमों से उपभोक्ताओं तक पहुँचाई जानी चाहिए ! ऐसा करने से शत-प्रतिशत ‘निःसम्पर्क पाबन्दी’ सुनिश्चित हो सकती है! यदि १५ दिन भी शतप्रतिशत पाबन्दी सुनिश्चित हो गई तो मेरा विश्वास है कि संसार से कोरोना का नाश हो जाएगा : डा अनिल सुलभ