मुजफ्फरनगर के जाने माने सुप्रसिद्ध साहित्यकार राष्ट्रकवि महेश राठौर सोनू को सरस्वती पुत्र सम्मान
देशभर में अपनी कलम से धूम मचाने वाले गांव राजपुर गढ़ी जिला मुजफ्फरनगर उत्तर प्रदेश के रहने वाले राष्ट्रीय कवि महेश राठोर सोनू को मेरी कलम मेरी पूजा कीर्तिमान साहित्य संस्था द्वारा सरस्वती पुत्र सम्मान से सम्मानित किया गया ज्ञात रहे कि महेश राठौर सोनू अनेक साहित्य पुरस्कारों से अलंकृत हो चुके हैं इससे पहले महेश राठोर सोनू देश की सबसे बड़ी साहित्य संस्था साहित्य संगम संस्थान नई दिल्ली द्वारा देश के श्रेष्ठ रचनाकार, राष्ट्रीय भाषा गौरव, नवरत्न ,साहित्य केतू, समीक्षाधिस , नवीन कदम छत्तीसगढ़ साहित्य संस्था द्वारा सम्मानित कई उच्च पंजीकृत संस्थाओं द्वारा कई उच्च अधिकारियों द्वारा और केंद्रीय मंत्रियों द्वारा सम्मानित किए जा चुके हैं यह भी ज्ञात रहे कि महेश राठौर सोनू गांव राजपुर गढ़ी जिला मुजफ्फरनगर उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं और मध्य प्रदेश के रीवा शहर के पांडे टोला मोहल्ले में रहकर गली-गली में कपड़ों की फेरी करते हैं उनकी साहित्य लगन ऐसी है कि अब तक उन्होंने 600 से भी ज्यादा दिल छू लेने वाली रचनाएं लिखी हैं जीने की देश ही नहीं विदेशों में भी सराहा गया अमेरिका कनाडा ऑस्ट्रेलिया से प्रकाशित हम हिंदुस्तानी साप्ताहिक अखबार में भी महेश राठौर सोनू की रचनाएं लगातार प्रकाशित हो रही है महेश राठौर सोनू जिस मुकाम पर आज हैं उनके लिए वे बधाई के पात्र हैं कि मात्र कक्षा आठवीं तक पढ़े-लिखे महेश राठौर सोनू ने साहित्य के इतिहास में अपना अलग ही मुकाम बनाया है महेश राठौर सोनू देश के सबसे चर्चित कवि हैं और उन्हें राष्ट्रीय कवि का दर्जा भी प्राप्त है महेश राठौर सोनू को अभी सरकार से आश्वासन जो मिले हैं उनकी उम्मीद है महेश राठौर सोनू ने बताया कि अगर सरकार से उन्हें मदद मिले तो साहित्य के इतिहास में और भी आगे जा सकते हैं और उनकी नोबल लिखने की इच्छा है.
सतीश मिश्रा.