80 वें स्वतंत्रता दिवस पर रामेश्वर महाविद्यालय में प्राचार्य ने किया झंडारोहण, छात्र – छात्राएं और शिक्षक हुए सम्मानित
मुजफ्फरपुर ।80 वें स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर रामेश्वर महाविद्यालय मुजफ्फरपुर के प्रांगण में प्राचार्य प्रो. श्यामल किशोर ने झंडारोहण किया और एनसीसी के कैडेट्स से उन्हें सलामी दी । मुख्य अतिथि बिहार दर्शन परिषद् की अध्यक्ष प्रो. पूनम सिंह तथा विशिष्ट अतिथि राजकीय डिग्री महाविद्यालय पुरनहिया के प्राचार्य प्रो. जयकांत सिंह रहे । महाविद्यालय के सेवानिवृत्त आचार्य प्रो. नरेंद्र सिंह और माहेश्वर प्रसाद सिंह की विशेष उपस्थिति रही । एनसीसी और एनएसएस के स्वयंसेवकों की अनुशासित कतार देखकर अतिथियों और शिक्षकों ने प्रसन्नता व्यक्त की ।
मुख्य अतिथि प्रो. पूनम सिंह ने अपने उद्बोधन में कहा कि सा विद्या या विमुक्तये का अर्थ है — विद्या वही है जो मुक्ति दिलाए । आज जब भारत अपना 80 वां स्वतंत्रता दिवस मना रहा है, तो इस सूक्ति की प्रासंगिकता और भी बढ़ जाती है । सन 1947 में हमें ब्रिटिश हुकूमत के राजनीतिक बंधनों से आजादी मिली थी । लेकिन, एक राष्ट्र के रूप में पूर्ण स्वतंत्रता तब तक अधूरी है, जब तक हर नागरिक मानसिक और सामाजिक बंधनों से मुक्त न हो । सच्ची शिक्षा ही वह माध्यम है जो समाज को अंधविश्वास, अशिक्षा, गरीबी और संकीर्ण सोच की कड़ियों से आजाद करती है । विकसित भारत का सपना केवल आर्थिक प्रगति से नहीं, बल्कि ज्ञान और नैतिक मूल्यों से समृद्ध नागरिकों से पूरा होगा। आज के दिन हमें यह संकल्प लेना चाहिए कि हम ऐसी शिक्षा को बढ़ावा दें जो युवाओं को आत्मनिर्भर बनाए, उनके विचारों को स्वतंत्र करे और देश को अज्ञानता के हर अंधकार से मुक्त कर एक सशक्त, जागरूक और प्रगतिशील राष्ट्र के रूप में स्थापित करे ।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्राचार्य प्रो श्यामल किशोर ने कहा कि आज पूरा देश स्वतंत्रता दिवस का उत्सव मना रहा है । आज से 80 वर्ष पूर्व, 15 अगस्त 1947 को हमारा देश स्वतंत्र हुआ था । यह स्वतंत्रता हमें सहज रूप से प्राप्त नहीं हुई। इसके पीछे असंख्य स्वतंत्रता सेनानियों, वीरों और शहीदों का त्याग, तपस्या और बलिदान है । अतः आज का दिन उन सभी अमर वीरों को श्रद्धापूर्वक नमन करने का दिन है, जिन्होंने अपना सर्वस्व राष्ट्र के लिए समर्पित कर दिया । उन्होंने बताया कि आज का दिन केवल उत्सव का दिन नहीं, बल्कि चिंतन, मनन और संकल्प का दिन भी है । हमें यह संकल्प लेना होगा कि जिस भारत को कभी ज्ञान, दर्शन, विज्ञान और संस्कृति के क्षेत्र में विश्वगुरु के रूप में जाना जाता था, उसे पुनः ज्ञान, नैतिकता, मानवीय मूल्यों और नवाचार के क्षेत्र में विश्व का मार्गदर्शन करने वाला राष्ट्र बनाएँगे । भारत की संस्कृति मूलतः कर्त्तव्यपरायणता की संस्कृति रही है । हमारे जीवन-दर्शन में अधिकारों के साथ-साथ कर्तव्यों को भी अत्यंत महत्त्व दिया गया है । जब प्रत्येक नागरिक अपने स्वधर्म और अपने कर्तव्य का ईमानदारी से पालन करेगा, तभी राष्ट्र सशक्त और समृद्ध बनेगा । हमें यह संकल्प लेना होगा कि हम केवल अपने अधिकारों की बात न करें, बल्कि अपने कर्तव्यों के प्रति भी उतने ही सजग रहें । अपने कार्यक्षेत्र में अनुशासन, ईमानदारी, निष्ठा और उत्तरदायित्व के साथ कार्य करें । अपने व्यक्तिगत स्वार्थ से ऊपर उठकर राष्ट्रहित को प्राथमिकता दें । आज का भारत युवा भारत है । हमारी युवा पीढ़ी ऊर्जा, प्रतिभा, ज्ञान और संकल्प से भरपूर है इसलिए युवाओं की भूमिका भारत के भविष्य के निर्माण में सबसे महत्वपूर्ण है ।
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्राचार्य द्वारा गठित वार्षिक उत्कृष्ट सम्मान समिति की संस्तुति पर अपनी वार्षिक उपलब्धियों के लिए शिक्षक एवं छात्र – छात्राओं को भी सम्मानित किया गया । पुस्तक प्रकाशन और एवॉर्ड के लिए क्रमशः स्नातकोत्तर वाणिज्य विभाग की अध्यक्ष डॉ. महजबीन परवीन, मनोविज्ञान विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. अखिलेंद्र कुमार सिंह तथा वनस्पति विज्ञान विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. राकेश कुमार सिंह को प्रशस्ति पत्र से सम्मानित किया गया वहीं अपनी वार्षिक सक्रियता एवं विभिन्न गतिविधियों में उत्कृष प्रदर्शन करने के लिए जंतु विज्ञान विभाग, षष्ठ सेमेस्टर की छात्रा ऋचा कुमारी, राजनीति विज्ञान चतुर्थ सेमेस्टर के रौनक कुमार, एम. काम वाणिज्य विभाग के अनुराग कुमार एवं आफरीन आलम, गणित षष्ठ सेमेस्टर की ऋतु कुमारी तथा मनोविज्ञान षष्ठ सेमेस्टर की छात्रा नेहा कुमारी को प्रशस्ति – पत्र और मेडल देकर सम्मानित किया गया । प्राचार्य और अतिथियों ने महाविद्यालय के विभिन्न समन्वयकों और प्रभारियों तथा शिक्षकेत्तर कर्मचारियों को भी सम्मानित किया गया ।
कार्यक्रम का संचालन एनसीसी पदाधिकारी प्रो. रजनी रंजन तथा धन्यवाद ज्ञापन हिंदी विभाग के सहायक प्राध्यापक डॉ. संदीप कुमार सिंह ने किया ।
इस अवसर पर महाविद्यालय के सभी प्राध्यापक, शिक्षकेत्तर कर्मचारी एवं छात्र – छात्राओं की उपस्थिति रही ।डॉ. संदीप कुमार सिंह.मीडिया प्रभारी – रामेश्वर महाविद्यालय, मुजफ्फरपुर ।