भोजपुरी के शेक्सपियर भिखारी ठाकुर के परिवार के सम्मान की मांग तेज, विधान पार्षद डॉ. उर्मिला ठाकुर ने राज्यपाल से मिलकर पौत्र सुशील ठाकुर को राजभवन में पुनः नौकरी देने की उठाई मांग
Kaushlendra Pandey /पटना 16 अक्टूबर 2026/भोजपुरी के शेक्सपियर, महान कवि, गीतकार एवं लोकगायक, नाई समाज की आन-बान-शान और बिहार के गौरव श्रद्धेय भिखारी ठाकुर जी के पौत्र श्री सुशील कुमार ठाकुर जी को राजभवन की नौकरी से हटाए जाने के मामले को लेकर विधान पार्षद डॉ उर्मिला ठाकुर ने आज राजभवन में महामहिम राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन साहब से मिलकर भिखारी ठाकुर के पौत्र को पुनः राज भवन की नौकरी में रखे जाने की मांग की जिससे कि भिखारी ठाकुर जी का सम्मान बना रहे और उनके परिवार पर जो संकट की स्थिति आ गई है उससे उन्हें मुक्ति मिल सके। इस संबंध में पत्र लिखकर उन्हें न्याय देने की मांग की है।
इस दौरान डॉ उर्मिला ठाकुर ने महामहिम राज्यपाल महोदय को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया तथा श्री सुशील कुमार ठाकुर जी मानवीय दृष्टिकोण से उन्हें फिर से नौकरी में बहाल करने की मांग की। साथ ही इस मामले में न्यायसंगत एवं संवेदनशील पहल करने का अनुरोध किया।
इन्होंने कहा कि भिखारी ठाकुर जी ने अपनी कला, साहित्य और लोकसंस्कृति के माध्यम से बिहार को देश-दुनिया में बिहार का नाम गौरवान्वित किया है। ऐसे महान विभूति के परिवार को उचित सम्मान और न्याय मिलना चाहिए।
भिखारी ठाकुर जी की विरासत का सम्मान और उनके परिवार को न्याय दिलाना हमारी नैतिक जिम्मेदारी है। इस लड़ाई में हम पूरी मजबूती के साथ खड़े हैं।