सौरभ निगम/नई दिल्ली | 23 अप्रैल 2025 — योगगुरु बाबा रामदेव एक बार फिर अपने विवादास्पद बयान को लेकर विवादों में घिर गए हैं। हाल ही में दिए गए ‘शरबत जिहाद’ बयान पर दिल्ली हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाते हुए उन्हें कड़ी फटकार लगाई है। अदालत ने इस बयान को “भड़काऊ, गैर-जिम्मेदाराना और सामाजिक सौहार्द के खिलाफ” बताया है।

हाईकोर्ट ने सुनवाई के दौरान टिप्पणी करते हुए कहा कि, “ऐसे बयानों से देश के माहौल में ज़हर घुलता है। कोई भी नागरिक, चाहे वह कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, समाज में नफरत फैलाने की आज़ादी नहीं रखता।”
क्या है मामला?
हाल ही में बाबा रामदेव का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ था, जिसमें उन्होंने ‘शरबत जिहाद’ शब्द का उपयोग करते हुए कथित तौर पर कहा कि कुछ वर्ग समाज को “मीठे जहर” के ज़रिए गुमराह कर रहे हैं। इस बयान के बाद देशभर में तीखी प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं, जहां कई सामाजिक संगठनों और विपक्षी दलों ने इस बयान को सांप्रदायिक और विभाजनकारी बताया।
कोर्ट की सख्त टिप्पणी
कोर्ट ने सरकार और संबंधित एजेंसियों को निर्देश दिया है कि वे इस बयान की गंभीरता को समझते हुए रिपोर्ट पेश करें और बाबा रामदेव से सफाई तलब की जाए। साथ ही कोर्ट ने मीडिया को भी सलाह दी है कि ऐसे विवादित बयानों के प्रचार-प्रसार में सावधानी बरती जाए।























