कौशलेन्द्र पाण्डेय की रिपोर्ट /केंद्रीय गृह मंत्री अजय कुमार मिश्रा ने कहा हमारे कार्यकर्ताओं की हत्या की गयी, उन पर हमला किया गया मेरी गाड़ी को जला दिया गया, किसान आंदोलन में छिपे आतंकी थे, इसकी गहन जांच की जाने की जरूरत है. मेरा बेटा कार्यक्रम स्थल पर लगातार रहा. मेरे ड्राइवर से 4 लोगों को मार डाला इन्होंने. दूसरे तरफ सरकार के पहल पर किसानों और बीजेपी कार्यकर्ताओं के बीच हुए संघर्ष के बाद तनाव को कम करने के लिए जिला प्रशासन और किसानों के बीच एक बार फिर बैठक शुरू हो गई है. बैठक में डीएम और एसपी के साथ किसान नेता राकेश टिकैत समेत 12 लोग मौजूद हैं. इस दौरान किसानों ने प्रशासन के सामने चार बड़ी मांग रखी है. किसानों की पहली मांग है कि केंद्रीय राज्यमंत्री अजय मिश्रा को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त किया जाए. अजय मिश्रा के बेटे को गिरफ्तार किया जाए. इसके अलावा मृतकों के परिजनों को एक करोड़ का मुआवजा और परिजनों के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए.केंद्रीय राज्यमंत्री अजय मिश्रा ने कहा है कि लखीमपुर की घटना दुर्भाग्यपूर्ण है और इसकी न्यायिक जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि यह एक साजिश के तहत की गई घटना है. केंद्रीय राज्यमंत्री ने घटना के पीछे खालिस्तान कनेक्शन होने की भी आशंका जताई। साथ ही कहा कि उनके बेटे आशीष मिश्रा घटना स्थल पर मौजूद ही नहीं थे. अगर वे घटनास्थल पर मौजूद होते तो उनकी पीट-पीटकर हत्या कर दी गई होती. अजय मिश्रा ने कहा कि हमारे तीन लोग और एक ड्राइवर की हत्या की गई है. हमारे पास इसके वीडियो भी है. हम इसमें एफआईआर दर्ज करवाने जा रहे हैं. उधर केंद्रीय राज्यमंत्री के बेटे आशीष मिश्रा का कहना है कि वे घटना के दौरान मौके पर मौजूद ही नहीं थे. ये एक बड़ी साजिश है और इसकी उच्च स्तरीय जांच होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि हमारे चार लोगों की पीट-पीटकर हत्या की गई है.डीएम लखीमपुर खीरी अरविंद कुमार चौरसिया ने कहा कि हिंसक झड़प में चार किअनों व चार अन्य लोगों की मौत हुई है. घटना दुर्भाग्यपूर्ण है और इस पर सियासत नहीं होनी चाहिए. मामले की तफ्तीश जारी है और जल्द ही पूरे प्रकरण का खुलासा करते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी. डीएम ने इंटरनेट सेवा ठप होने की बात पर कहा कि ऐसा कुछ भी नहीं है. इंटरनेट सेवाएं चालू हैं और यह महज अफवाह है.मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी घटना पर दुख जताया और ट्वीट कर कहा कि क्षेत्र के सभी लोगों से अपील है कि वे किसी के बहकावे में न आएं व मौके पर शान्ति-व्यवस्था कायम रखने में अपना योगदान दें. किसी प्रकार के निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले मौके पर हो रही जांच तथा कार्यवाही का इन्तजार करें.




























