कौशलेंद्र पाण्डेय – कंट्री इनसाइड न्यूज एजेंसी/धर्मशाला, 1 जुलाई 2025 — राज्यसभा के उपसभापति और वरिष्ठ पत्रकार हरिवंश जी ने आज धर्मशाला में आयोजित कॉमनवेल्थ पार्लियामेंटरी एसोसिएशन (CPA) इंडिया जोन-2 सम्मेलन के समापन सत्र को संबोधित करते हुए विधायी संस्थानों की भूमिका को अधिक जवाबदेह और भविष्योन्मुखी बनाने पर बल दिया।
उन्होंने अपने समापन भाषण में पीठासीन अधिकारियों से अपील की कि वे योजनाओं की निगरानी के साथ-साथ वित्तीय संसाधनों के आवंटन की भी समीक्षा करें। उन्होंने कहा, “अगर हम अतीत में सफल रही योजनाओं पर ही आज भी पैसे खर्च करते रहें, जबकि वे अब प्रासंगिक नहीं हैं, तो इसकी कीमत पूरे देश को चुकानी होगी।”
सम्मेलन की प्रमुख बातें:
🔹 राज्यों के पीठासीन अधिकारियों ने AI के माध्यम से विधायिकाओं को सशक्त बनाने पर विचार साझा किए।
🔹 संसाधनों के स्मार्ट और पारदर्शी प्रबंधन को लेकर भी हुई चर्चा।
🔹 दलबदल जैसे संवैधानिक मुद्दों पर अधिकारियों ने रखे अपने अनुभव और सुझाव।
हरिवंश जी ने यह भी कहा कि आज के तकनीकी युग में मानव संसाधनों के बेहतर प्रबंधन पर गंभीर विमर्श जरूरी है। उन्होंने राज्यों को सुझाव दिया कि वे अपने विकास की स्पष्ट दिशा तय करें और उसे पाने के लिए ठोस रणनीति बनाएं।
रिपोर्ट: कंट्री इनसाइड न्यूज एजेंसी




























