नई दिल्ली। इंडिया इंटरनेशनल साइंस फेस्टिवल (IISF) में केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने कहा कि नीली अर्थव्यवस्था भारत के विकास का नया इंजन होगी। उन्होंने कहा कि ज्वारीय, तापीय तथा अपतटीय पवन ऊर्जा जैसी तकनीकें महासागरों से स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देंगी।
केंद्रीय मंत्री ने बताया कि महासागर आधारित संसाधनों के उपयोग से भारत की अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी और रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। उन्होंने कहा कि समुद्री संसाधनों का वैज्ञानिक उपयोग आने वाले वर्षों में देश को ऊर्जा, अनुसंधान और आर्थिक विकास के क्षेत्र में मजबूती प्रदान करेगा।
सरकार द्वारा चलाए जा रहे डीप ओशन मिशन को भी उन्होंने समुद्री संपदाओं के दोहन और अनुसंधान के लिए महत्वपूर्ण बताया। मंत्री ने कहा कि भारत के पास विशाल तटीय क्षेत्र है और इसका प्रभावी उपयोग ही भविष्य के विकास की कुंजी बनेगा।
— कंट्री इनसाइड न्यूज़ एजेंसी
























