नई दिल्ली — आगामी यूनियन बजट 2026–27 की तैयारियों के तहत राजधानी नई दिल्ली में दिल्ली स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स, दिल्ली विश्वविद्यालय के छात्रों के साथ एक महत्वपूर्ण प्री-बजट इंटरैक्शन आयोजित किया गया। इस संवाद का नेतृत्व संस्थान के निदेशक प्रोफेसर राम सिंह ने किया।
प्री-बजट बैठक के दौरान छात्रों ने देश की आर्थिक चुनौतियों और भविष्य की संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए बजट से जुड़े कई महत्वपूर्ण सुझाव सामने रखे। छात्रों ने विशेष रूप से स्किल डेवलपमेंट, ग्रीन एनर्जी, ग्रामीण विकास, न्यू इकोनॉमी, रोजगार सृजन, स्टार्टअप इकोसिस्टम और सस्टेनेबल ग्रोथ जैसे विषयों पर अपने विचार साझा किए।
छात्रों ने कहा कि बदलते वैश्विक आर्थिक परिदृश्य में भारत को नवाचार, तकनीक और हरित ऊर्जा पर अधिक निवेश करना चाहिए। साथ ही ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने, युवाओं को रोजगारोन्मुखी कौशल से जोड़ने और नई अर्थव्यवस्था को गति देने के लिए ठोस बजटीय प्रावधानों की आवश्यकता है।
इस अवसर पर यह भी कहा गया कि युवाओं और शैक्षणिक संस्थानों की भागीदारी से बजट प्रक्रिया को और अधिक समावेशी व दूरदर्शी बनाया जा सकता है। छात्रों द्वारा दिए गए सुझावों को आगामी बजट निर्माण में विचार के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
यह प्री-बजट संवाद न केवल युवाओं की सोच को सामने लाने का मंच बना, बल्कि यह भी दर्शाता है कि सरकार नीति निर्माण में युवा प्रतिभा और अकादमिक दृष्टिकोण को गंभीरता से महत्व दे रही है।
— कंट्री इनसाइड न्यूज एजेंसी





























