Kaushlendra Pandey/नई दिल्ली। जर्मनी के चांसलर फ्रेडरिक मर्ज (Friedrich Merz) ने भारत–जर्मनी संबंधों को लेकर बड़ा बयान देते हुए कहा है कि भारत और जर्मनी के बीच करीबी सहयोग न केवल दोनों देशों के लिए, बल्कि पूरी दुनिया के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। चांसलर मर्ज ने बताया कि उन्होंने भारतीय और जर्मन उद्योग जगत के शीर्ष सीईओs के साथ महत्वपूर्ण बैठक की, जिसमें व्यापार, निवेश और भविष्य की साझेदारी पर गहन चर्चा हुई।
फ्रेडरिक मर्ज ने कहा कि भारत और जर्मनी के बीच बढ़ते व्यापार और निवेश संबंधों ने द्विपक्षीय साझेदारी को नई गति दी है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार अब तक के सर्वकालिक उच्च स्तर (ऑल-टाइम हाई) पर पहुंच चुका है, जो मजबूत आर्थिक रिश्तों का स्पष्ट संकेत है।
चांसलर मर्ज के अनुसार, कई जर्मन कंपनियां भारत में लगातार निवेश कर रही हैं और भारत को एक भरोसेमंद वैश्विक आर्थिक साझेदार के रूप में देख रही हैं। उन्होंने कहा कि भारत का विशाल बाजार, कुशल मानव संसाधन और तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था जर्मन कंपनियों के लिए बड़े अवसर प्रदान कर रही है।
उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि आने वाले समय में भारत–जर्मनी आर्थिक संबंधों को और अधिक गहरा करने की दिशा में दोनों देश मिलकर काम करेंगे। उद्योग, नवाचार, तकनीक, हरित ऊर्जा और मैन्युफैक्चरिंग जैसे क्षेत्रों में सहयोग को नई ऊंचाइयों पर ले जाने की योजना है।
फ्रेडरिक मर्ज ने विश्वास जताया कि भारत और जर्मनी की मजबूत साझेदारी वैश्विक आर्थिक स्थिरता और विकास में अहम भूमिका होगा.





























