Kaushlendra Pandey/जद (यू) प्रदेश प्रवक्ता श्री हिमराज राम एवं प्रदेश प्रवक्ता श्री परिमल कुमार ने मीडिया में जारी बयान में कैबिनेट द्वारा बिहार युवा आयोग के गठन की स्वीकृति को क्रांतिकारी फैसला बताया और कहा कि यह आयोग राज्य के युवाओं को एक सशक्त मंच प्रदान करेगा, जहां वे न केवल अपनी समस्याओं और आकांक्षाओं को प्रभावी तरीके से प्रस्तुत कर सकेंगे, बल्कि सरकार की नीतियों में सक्रिय भागीदारी भी सुनिश्चित कर पाएंगे। यह आयोग युवाओं से जुड़े शिक्षा, रोजगार, कौशल विकास, उद्यमिता, खेलकूद और मानसिक स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर सुझाव देने और योजनाओं की निगरानी करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
उन्होंने कहा कि यह कदम मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार की उस सोच का हिस्सा है जिसमें वे युवाओं को नीति निर्माण की प्रक्रिया का भागीदार बनाना चाहते हैं। इससे पहले मुख्यमंत्री प्रतिज्ञा योजना, स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड, कुशल युवा कार्यक्रम और मुख्यमंत्री उद्यमी योजना जैसे फैसले पहले ही युवाओं के लिए वरदान साबित हो चुके हैं। बिहार युवा आयोग का गठन, ना केवल युवाओं को आवाज़ देगा बल्कि एक उत्तरदायी और समावेशी शासन की दिशा में यह मील का पत्थर साबित होगा।
युवा आयोग के गठन से बिहार के युवाओं को अधिक से अधिक रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने, उन्हें प्रशिक्षित करने तथा सशक्त और सक्षम बनाने में मदद मिलेगी। उन्होंने कहा कि समाज में युवाओं की स्थिति में सुधार और उत्थान से संबंधित सभी मामलों पर सरकार को सलाह देने में इस आयोग की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। युवाओं को बेहतर शिक्षा और रोजगार सुनिश्चित करने के लिए सरकारी विभागों के साथ यह आयोग समन्वय भी करेगा।
यह आयोग इस बात की निगरानी करेगा कि राज्य के स्थानीय युवाओं को राज्य के भीतर निजी क्षेत्र के रोजगारों में प्राथमिकता मिले, साथ ही राज्य के बाहर अध्ययन करने वाले और काम करने वाले युवाओं के हितों की भी रक्षा हो। सामाजिक बुराइयों को बढ़ावा देने वाले शराब एवं अन्य मादक पदार्थों की रोकथाम के लिए कार्यक्रम तैयार कर और ऐसे मामलों में सरकार को अनुशंसा भेजना भी इसका महत्वपूर्ण कार्य होगा। राज्य सरकार की इस दूरदर्शी पहल का उद्देश्य है कि इस आयोग के माध्यम से युवा आत्मनिर्भर, दक्ष और रोजगारोन्मुखी बनें ताकि उनका भविष्य सुरक्षित हो।



























