रिपोर्ट:कौशलेन्द्र पाण्डेय/नई दिल्ली। संसद के आगामी मानसून सत्र से पहले केंद्र सरकार ने सभी राजनीतिक दलों के नेताओं के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की। इस सर्वदलीय बैठक में कुल 40 राजनीतिक दलों के 54 नेताओं ने भाग लिया, जिसमें कई केंद्रीय मंत्री भी मौजूद रहे। बैठक का उद्देश्य संसद के सुचारू संचालन और सहयोगात्मक वातावरण को सुनिश्चित करना था।
बैठक की अध्यक्षता केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने की। संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी, राज्यसभा में नेता पीयूष गोयल, और कानून व न्याय मंत्री किरेन रिजिजू समेत अन्य वरिष्ठ मंत्री भी बैठक में उपस्थित रहे।
कानून मंत्री किरेन रिजिजू ने जानकारी दी कि यह सत्र कुल 21 बैठकों के साथ 32 दिनों तक चलेगा। उन्होंने यह भी कहा कि सरकार सभी विषयों पर खुली चर्चा के लिए तैयार है और विपक्षी दलों से सकारात्मक सहयोग की अपेक्षा करती है।
बैठक में कई दलों ने महंगाई, बेरोजगारी, कृषि कानूनों की समीक्षा, महिला आरक्षण, मणिपुर मुद्दा और अन्य राज्यों से जुड़ी समस्याओं को प्रमुखता से उठाया।
संसद सत्र का शेड्यूल:
मानसून सत्र 22 जुलाई से शुरू होकर 22 अगस्त तक चलेगा, जिसमें कुल 21 बैठकें होंगी।
सभी दलों से सहयोग की अपील
केंद्र सरकार ने सभी दलों से संसद के कार्य संचालन में सहयोग देने की अपील की है ताकि महत्त्वपूर्ण विधेयकों और नीतियों पर समयबद्ध चर्चा की जा सके।



























