कंट्री इनसाइड न्यूज एजेंसी | नई दिल्ली/उपराष्ट्रपति श्री सी.पी. राधाकृष्णन ने आज दिल्ली विश्वविद्यालय में ‘नशा मुक्त परिसर अभियान’ का विधिवत उद्घाटन किया। इस अवसर पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री श्री धर्मेंद्र प्रधान भी उपस्थित रहे और उन्होंने अभियान को समय की आवश्यकता बताते हुए इसे युवाओं के भविष्य से जुड़ा महत्वपूर्ण कदम करार दिया।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि दिल्ली विश्वविद्यालय केवल एक शैक्षणिक संस्थान नहीं, बल्कि विचारों के सृजन और मूल्यों के निर्माण का एक सशक्त केंद्र है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालयों की भूमिका केवल डिग्री प्रदान करने तक सीमित नहीं है, बल्कि वे जिम्मेदार, जागरूक और राष्ट्रनिर्माण में योगदान देने वाले नागरिक तैयार करने के केंद्र भी हैं।
श्री प्रधान ने जोर देते हुए कहा कि नशीली दवाओं का दुरुपयोग युवाओं के स्वास्थ्य के साथ-साथ उनकी क्षमता और देश के होनहार नागरिकों को विकसित करने की प्रक्रिया के लिए गंभीर खतरा है। उन्होंने कहा कि इस अभियान के माध्यम से दिल्ली विश्वविद्यालय ने युवाओं से जुड़ी एक गंभीर सामाजिक चुनौती के समाधान की दिशा में सार्थक पहल की है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि नशा मुक्त परिसर अभियान का उद्देश्य केवल जागरूकता फैलाना नहीं, बल्कि छात्रों को सकारात्मक जीवनशैली अपनाने, मानसिक-शारीरिक स्वास्थ्य को प्राथमिकता देने और नशे के दुष्प्रभावों से दूर रहने के लिए प्रेरित करना है।
इस अवसर पर विश्वविद्यालय प्रशासन, शिक्षक, छात्र और विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि भी मौजूद रहे। सभी ने मिलकर नशा मुक्त, स्वस्थ और सशक्त युवा भारत के निर्माण का संकल्प लिया।
(स्रोत: शिक्षा मंत्रालय / पीआईबी)




























